जनता कर्फ्यू का उत्तराखंड में अभूतपूर्व असर
नवल टाइम्सः  रविवार को जनता कर्फ्यू का उत्तराखंड में अभूतपूर्व असर रहा। कोरोना संक्रमण रोकने की मुहिम में उत्तराखंड का जनमानस दिल से जुटा हुआ है। राजधानी देहरादून से लेकर दूर दराज के गांव तक सन्नाटा पसरा रहा। लोगों ने खुद को घरों तक सीमित रखा है। बाजार स्वतः स्फूर्त बंद रहे। सरकारी, निजी परिवहन पूरी तरह बंद रही। कोरोना को हराने में जुटे योद्धा मुस्तैदी से अपने-अपने मोर्चों पर डटे हैं। 

हरिद्वार के औद्योगिक क्षेत्र सिडकुल सहित अधिकांश औद्योगिक क्षेत्रों में स्वतः लॉकडाउन रहा। करीब 710 औद्योगिक उत्पादन इकाइयों वाले सिडकुल औद्योगिक क्षेत्र की अधिकांश उत्पादन इकाइयों महिंद्रा हीरो मोटो कॉर्प और आईटीसी जैसी कंपनियों सहित अधिकांश कंपनियों में पूर्ण रूप से जनता कर्फ्यू के समर्थन में बंदी है। सिडकुल इंडस्ट्रियल एसोसिएशन के अध्यक्ष अरुण सारस्वत ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया की हरिद्वार जिले में बहादराबाद लक्षण रुड़की भगवानपुर सहित अन्य औद्योगिक क्षेत्रों में कुल मिलाकर 1680 छोटी बड़ी उत्पादन इकाइयां हैं, इनमें से अधिकांश ने प्रधानमंत्री के आवाहन पर जनता कर्फ्यू के समर्थन में बंदी की हुई है। उन्होंने बताया की सिडकुल की करीब 96 फीसद कंपनियों में बंदी है। आवश्यक सेवाओं जैसे दवा, सैनिटाइजर और खानपान से संबंधित उत्पादन इकाइयां ही काम कर रही हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रविवार को कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए जनता कर्फ्यू का आह्वान ऋषिकेश और आसपास क्षेत्र में पूरी तरह से सफल है। सुबह से ही पब्लिक ट्रांसपोर्ट से जुड़े कोई भी वाहन नहीं चल रहे हैं। दिल्ली से शनिवार की रात बड़ी संख्या में वहां काम करने वाले लोग यहां पहुंचे हैं। सभी लोग यात्रा अड्डे में फंसे हैं। इन्हें वाहन नहीं मिले हैं। पुलिस की ओर से इन्हें आसपास होटल और लॉज में रुकने को कहा गया है। बाहर से आए लोग त्रिवेणी घाट आसपास क्षेत्र में रुककर समय व्यतीत कर रहे हैं। त्रिवेणी घाट के समीप बाहर से आए युवकों को त्रिवेणी घाट चैकी पुलिस के प्रभारी उत्तम सिंह रमोला की ओर से यहां से हटने को कहा गया। कुछ युवक पुलिस से बहस करने लगे। यह लोग स्वयं को जिला पंचायत अध्यक्ष मेरठ का रिश्तेदार बता रहे थे। पुलिस की ओर से इनसे आईडी मांगी गई। बाद में पुलिस ने इन सभी लोगों को यहां से हटा दिया। ऋषिकेश क्षेत्र के सभी बाजार पूरी तरह से बंद है।

सुबह सात बजे से पहले दूध ब्रेड समाचार पत्र जैसी आवश्यक सेवाओं का वितरण हो गया था। कोतवाली पुलिस की अलग-अलग टीम वाहन के जरिये लोगों को जनता कर्फ्यू के प्रति सहयोग करने के साथ अलर्ट कर रही है। ध्वनि विस्तारक यंत्र के जरिये जनता को जागरूक किया जा रहा है। दून शहर में जनता कर्फ्यू का सुबह सात बजे से ही असर दिखने लगा। सड़कें सूनी पड़ रखी है। मुख्घ्य मार्गों पर सन्घ्नाटा पसरा रहा। सुबह 6.30 पर खुलने वाली कई दुकानें बंद रहीं। प्रेमनगर मुख्य चैक पर पब्लिक ट्रांसपोर्ट से सफर करने वालों का जमावड़ा रहता है, लेकिन आज यह सुनसान पड़ा है। सुबह चार बजे से खुलने वाली चाय नाश्ते की दुकानें भी बंद पड़ी हैं।